अवैध पुलिया डालकर नहर का दम घोंटा,सिंचाई व्यवस्था चौपट……
किसानों की फसल पर संकट,जिम्मेदार अफसर बने अनजान…..
लखनऊ। निगोहां में प्लॉट बेचने की होड़ में प्रॉपर्टी डीलरों ने अब सिंचाई व्यवस्था को भी नहीं बख्शा। निगोहा माइनर में बिना किसी विभागीय अनुमति के अवैध रूप से पुलिया डालकर नहर की जलनिकासी बाधित कर दी गई है। इसका नतीजा यह है कि माइनर आए दिन जगह-जगह कट रही है और सिंचाई का कीमती पानी खेतों तक पहुंचने से पहले ही बर्बाद हो रहा है।ग्रामीणों का आरोप है कि अवैध पुलिया डालने का मकसद सिर्फ इतना है कि आसपास की जमीन को प्लॉटिंग के लिए इस्तेमाल किया जा सके। लेकिन इस लालच का खामियाजा दर्जनों गांवों के किसानों को भुगतना पड़ रहा है। पानी की कमी से फसलें सूखने की कगार पर हैं, वहीं नहर कटने से खेतों में जलभराव की भी स्थिति बन रही है।किसानों का कहना है कि इस समस्या को लेकर कई बार संबंधित विभागों और प्रशासन से शिकायत की जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। अधिकारियों की अनदेखी से प्रॉपर्टी डीलरों के हौसले बुलंद हैं और वे खुलेआम सरकारी सिंचाई संसाधनों से खिलवाड़ कर रहे हैं।ग्रामीणों में इस बात को लेकर भारी आक्रोश है कि यदि समय रहते अवैध पुलिया नहीं हटाई गई तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। किसानों का साफ कहना है कि “प्लॉटिंग के नाम पर हमारी फसल और रोज़ी-रोटी बर्बाद की जा रही है।”इस संबंध में जब अधिशासी अभियंता मुकेश कुमार से बात की गई तो उन्होंने बताया कि मामला उनकी जानकारी में नहीं है। उन्होंने कहा कि यदि नहर के भीतर बिना अनुमति के पुलिया डाली गई है तो उसे शीघ्र हटवाया जाएगा और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई भी की जाएगी।
अब सवाल यह है कि आखिर कब तक प्रॉपर्टी डीलरों की मनमानी पर प्रशासन आंख मूंदे रहेगा और कब किसानों को न्याय मिलेगा?
