नगराम, लखनऊ। राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के नेतृत्व में कुबहरा सामुदायिक मिलन केंद्र पर चल रहा किसानों का अनिश्चितकालीन धरना गुरुवार को नौवें दिन भी जारी रहा। किसानों की प्रमुख मांगों को लेकर संगठन के पदाधिकारियों ने वन विभाग के मोहनलालगंज कार्यालय पहुंचकर अधिकारियों से वार्ता करने का प्रयास किया, लेकिन बुलावे के बावजूद कोई जिम्मेदार अधिकारी कार्यालय में मौजूद नहीं मिला। इससे नाराज किसान नेताओं ने कार्यालय में ज्ञापन रिसीव कराया और जल्द मांगों का निस्तारण न होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी।प्रदेश महासचिव दिनेश यादव की अध्यक्षता में राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के पदाधिकारियों की टीम वन विभाग के मोहनलालगंज कार्यालय पहुंची थी। किसान नेताओं के मुताबिक, पूर्व में वार्ता के लिए समय तय किए जाने के बावजूद कार्यालय में कोई जिम्मेदार अधिकारी नहीं मिला। काफी देर इंतजार के बाद किसानों ने अपना ज्ञापन कार्यालय में रिसीव कराया।संगठन के पदाधिकारियों ने वन विभाग के अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि समय रहते किसानों से वार्ता कर उनकी समस्या का समाधान किया जाए और अनापत्ति प्रमाणपत्र शनिवार तक धरना स्थल पर उपलब्ध कराया जाए। किसानों का कहना है कि यदि निर्धारित समय सीमा में उनकी मांग पर कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को व्यापक रूप दिया जाएगा।जिला अध्यक्ष प्रमोद कुमार ने कहा कि यदि शनिवार तक एनओसी उपलब्ध नहीं कराया गया तो एक सितंबर को हजारों किसान ट्रैक्टर-ट्रालियों के साथ वन विभाग के मोहनलालगंज कार्यालय का घेराव करेंगे। उन्होंने कहा कि किसानों को अपनी मांगों के लिए लगातार धरने पर बैठना पड़ रहा है, लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों की ओर से वार्ता के लिए गंभीरता नहीं दिखाई जा रही है।उन्होंने यह भी कहा कि एक सितंबर को प्रस्तावित घेराव में बड़ी संख्या में किसान ट्रैक्टर-ट्रालियों से पहुंचेंगे। घेराव में आने वाले किसानों के लिए पेयजल और भोजन की व्यवस्था वन विभाग के मोहनलालगंज अधिकारी को करनी पड़ेगी। किसान नेताओं ने स्पष्ट किया कि मांग पूरी होने तक उनका अनिश्चितकालीन धरना जारी रहेगा।मंडल महामंत्री हरिपाल सिंह ने बताया कि कुबहरा सामुदायिक मिलन केंद्र पर संगठन का धरना लगातार जारी है। उन्होंने कहा कि किसान अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन कर रहे हैं और अधिकारियों से वार्ता के माध्यम से समस्या का समाधान चाहते हैं, लेकिन यदि उनकी मांगों की अनदेखी जारी रही तो संगठन आंदोलन को और बड़ा रूप देने के लिए मजबूर होगा।धरने में मंडल उपाध्यक्ष राजेंद्र यादव, जिला अध्यक्ष प्रमोद कुमार, जिला उपाध्यक्ष रामकुमार यादव, केशव राम लोधी, पृथ्वीराज, राजकिशोर, डॉ. जंग बहादुर सिंह, करण सिंह, रामकुमार प्रधान पति समेत दर्जनों किसान और संगठन के पदाधिकारी मौजूद रहे।
