नगराम, लखनऊ। नगराम थाना क्षेत्र के समेसी गांव में गुरुवार को उस समय सनसनी फैल गई जब एक विवाहिता का शव घर के कमरे के अंदर फांसी के फंदे से लटका मिला। घटना की जानकारी मिलते ही स्थानीय लोगों की भीड़ मौके पर जुट गई। सूचना पर पहुंची नगराम पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और मामले की जांच शुरू कर दी है।पुलिस के अनुसार आपातकालीन सेवा 112 पर सूचना प्राप्त हुई कि समेसी गांव में एक महिला ने कमरे का दरवाजा अंदर से बंद कर लिया है और फांसी लगा ली है। सूचना मिलते ही नगराम थाना प्रभारी पुलिस बल, महिला पुलिसकर्मियों तथा फील्ड यूनिट टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने दरवाजा खुलवाकर जांच की तो कमरे के अंदर महिला का शव फंदे से लटका मिला।मृतका की पहचान हिना (28 वर्ष) पत्नी नीरज धीमान के रूप में हुई। पुलिस की प्रारंभिक जांच में पता चला कि हिना का विवाह वर्ष 2018 में नीरज धीमान के साथ हुआ था। परिवार में पति नीरज, छह वर्षीय पुत्री नित्या, सास छेदाना, ससुर राजाराम, देवर सूरज तथा ननद रुचि हैं। नीरज पेशे से ड्राइवर हैं और परिवार के भरण-पोषण की जिम्मेदारी संभालते हैं।
पुलिस ने मौके से साक्ष्य जुटाने के लिए फील्ड यूनिट को बुलाया और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कराया। आवश्यक विधिक कार्रवाई के बाद शव का पंचायतनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। फिलहाल आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल सका है। पुलिस परिजनों और आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है तथा सभी संभावित पहलुओं की जांच में जुटी है।
छह वर्षीय नित्या के सिर से उठा मां का साया………
हिना की मौत के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। सबसे अधिक असर उसकी छह वर्षीय बेटी नित्या पर पड़ा है, जो अब मां के स्नेह से वंचित हो गई है। घटना के बाद मासूम बेटी अपनी मां को ढूंढती रही, जिसे देखकर मौजूद लोगों की आंखें नम हो गईं।ग्रामीणों के मुताबिक नित्या अपनी मां के बेहद करीब थी और अधिकांश समय उसके साथ ही रहती थी। हिना की अचानक हुई मौत से गांव में शोक का माहौल है। घटना के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं गांव के लोग परिवार को ढांढस बंधाने में जुटे हैं।नगराम पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों की स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी। फिलहाल मामले की गहन जांच की जा रही है और परिजनों से पूछताछ के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।
