मोहनलालगंज, लखनऊ। मोहनलालगंज कोतवाली क्षेत्र के हुलास खेड़ा गांव में भूमि विवाद को लेकर तनाव का मामला सामने आया है। गांव की रहने वाली मिथिलेश ने कुछ लोगों पर उसकी कब्जे वाली भूमि पर निर्माण कार्य रुकवाने, मारपीट करने, निर्माणाधीन दीवार गिराने और वाहन क्षतिग्रस्त करने का आरोप लगाते हुए कोतवाली में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।पीड़िता मिथिलेश के अनुसार उसने करीब बीस वर्ष पूर्व गांव निवासी सोहन पुत्र रामलाल से आबादी की भूमि खरीदी थी, जिस पर तब से लगातार उसका कब्जा और दखल बना हुआ है। बुधवार को वह उक्त भूमि पर निर्माण कार्य करा रही थी। इसी दौरान गांव के कुछ लोग एकजुट होकर मौके पर पहुंच गए और निर्माण कार्य रुकवा दिया।मिथिलेश का आरोप है कि जब उसने इसका विरोध किया तो आरोपित पक्ष के लोग आक्रामक हो गए और लाठी-डंडों के साथ उसके और वहां मौजूद लोगों के साथ अभद्रता करते हुए मारपीट करने लगे। इसी दौरान निर्माणाधीन लगभग पांच फीट ऊंची दीवार को गिरा दिया गया। दीवार गिरने से वहां काम कर रहा एक मजदूर मलबे के नीचे दब गया, जिससे उसे चोटें आईं।पीड़िता का यह भी आरोप है कि मौके पर खड़े एक चार पहिया वाहन के शीशे तोड़ दिए गए, जिससे वाहन क्षतिग्रस्त हो गया। उसके मुताबिक घटना के वीडियो और फोटो भी उसके पास मौजूद हैं, जिन्हें वह साक्ष्य के रूप में पुलिस को उपलब्ध कराएगी। उसने आरोप लगाया कि विपक्षी दबंग प्रवृत्ति के हैं और अपने प्रभाव के चलते उसकी भूमि पर निर्माण कार्य नहीं होने दे रहे हैं। साथ ही आशंका जताई कि समय रहते कार्रवाई न होने पर कोई बड़ी घटना भी हो सकती है।घटना के बाद पीड़िता ने मोहनलालगंज कोतवाली पहुंचकर नामजद तहरीर देते हुए दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कठोर कार्रवाई की मांग की है। वहीं कोतवाल बृजेश त्रिपाठी ने बताया कि पीड़िता की ओर से तहरीर प्राप्त हुई है। मामले की जांच कराई जा रही है। दोनों पक्षों के तथ्यों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आवश्यक विधिक कार्रवाई की जाएगी।
